Home CORONA Updates प्रदेश में कोरोना संक्रमण की रिकवरी दर बढ़कर 98.4 प्रतिशत हुई

प्रदेश में कोरोना संक्रमण की रिकवरी दर बढ़कर 98.4 प्रतिशत हुई

0

पिछले 24 घण्टों में 2,90,234 कोविड टेस्ट किये गये, राज्य में अब तक कुल 5 करोड़ 44 लाख 36 हजार 119 कोरोना टेस्ट सम्पन्न

लखनऊ. उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ‘ट्रेस, टेस्ट एंड ट्रीट’ की नीति के अनुरूप कोविड-19 से बचाव और उपचार की व्यवस्थाओं को प्रभावी ढंग से जारी रखने के निर्देश दिए हैं.

उन्होंने कहा कि राज्य में कोरोना संक्रमण नियंत्रित स्थिति में है, किन्तु कोरोना वायरस समाप्त नहीं हुआ है. इसलिए संक्रमण की रोकथाम के सम्बन्ध में पूरी सतर्कता एवं सावधानी बरती जाए. संक्रमण की चेन को तोड़ने तथा प्रदेशवासियों को सुरक्षा कवच प्रदान करने के लिए कोविड वैक्सीनेशन कार्य तेजी के साथ संचालित किया जाए.

मुख्यमंत्री वर्चुअल माध्यम से आहूत एक उच्च स्तरीय बैठक में प्रदेश में कोविड-19 की स्थिति की समीक्षा कर रहे थे. बैठक में मुख्यमंत्री को अवगत कराया गया कि विगत 24 घण्टों में प्रदेश में कोरोना संक्रमण के 336 नये मामले प्रकाश में आए हैं. इसी अवधि में 685 संक्रमित व्यक्तियों का सफल उपचार करके डिस्चार्ज किया गया है. वर्तमान में संक्रमण के एक्टिव मामलों की संख्या 6,019 है. पिछले 24 घण्टों में 2,90,234 कोविड टेस्ट किये गये हैं. राज्य में अब तक कुल 05 करोड़, 44 लाख, 36 हजार, 119 कोरोना टेस्ट किए जा चुके हैं. राज्य में कोरोना संक्रमण की रिकवरी दर में भी निरन्तर वृद्धि हो रही है. यह दर अब बढ़कर 98.4 प्रतिशत हो गई है.

मुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड संक्रमण की सम्भावित तीसरी लहर एवं संचारी रोगों की रोकथाम के सम्बन्ध में प्रदेश के सभी जनपद अभी से सक्रिय होकर प्रभावी प्रयास करें. बच्चों में संचारी रोगों की स्क्रीनिंग एवं सर्विलांस का कार्य अभियान के रूप में संचालित किया जाए. यह अभियान कोरोना सहित वर्षा काल में होने वाले अन्य संचारी रोगों की रोकथाम में अत्यन्त उपयोगी होगा.

मुख्यमंत्री ने कहा कि पुलिस द्वारा व्यापक पेट्रोलिंग करते हुए यह सुनिश्चित किया जाए कि कहीं पर भी भीड़ एकत्र न होने पाए. लोगों द्वारा अनिवार्य रूप से मास्क का प्रयोग तथा दो-गज की दूरी का पालन किया जाए. पब्लिक एड्रेस सिस्टम को और सुदृढ़ एवं प्रभावी बनाया जाए. कोरोना संक्रमण से बचाव के प्रति लोगों को निरन्तर जागरूक करने के लिए व्यापक स्तर पर पब्लिक एड्रेस सिस्टम का उपयोग किया जाए. मुख्यमंत्री को यह भी अवगत कराया गया कि निगरानी समितियों द्वारा स्क्रीनिंग के साथ ही, लक्षण युक्त तथा संदिग्ध संक्रमित व्यक्तियों को मेडिसिन किट उपलब्ध कराने का कार्य सुचारू रूप से चल रहा है. निगरानी समितियों के पास पर्याप्त संख्या में मेडिसिन किट की उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है. ब्लैक फंगस से संक्रमित मरीजों के उपचार के लिए भारत सरकार द्वारा उपलब्ध कराई गयीं दवाएं यथाशीघ्र सुलभ कराई जा रही हैं. साथ ही, विशेषज्ञों के परामर्श के अनुसार वैकल्पिक दवाओं की भी व्यवस्था कर उपलब्ध कराया जा रहा है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here